जहाँ भाजपा सत्ता में नही होती वहीँ दंगे क्यों होते हैं, एक सवाल

जहाँ भाजपा सत्ता में नही होती वहीँ दंगे क्यों होते हैं, एक सवाल

राजस्थान के टोंक जनपद में साम्प्रदायिक तनाव के बाद कर्फ्यू

तौसीफ कुरैशी

जहाँ मोदी की भाजपा सत्ता में नही होती वहाँ साम्प्रदायिक दंगे क्यों होते है यह भी एक सवाल बना हुआ है जिसका जवाब कोई देना नही चाहता है इस सवाल का जवाब न देना ही साम्प्रदायिक दंगे के रूप में सामने आता है जनता ये बात समझती है लेकिन फिर भी धार्मिक भावनाओं में बहकर अपनी गंगा जमना तहज़ीब को दंगों की आग में झोंक देते है जबकी हमें अपने प्यार मोहब्बत को क़ायम रखना चाहिए उसमें हमारी धार्मिक भावनाएँ आड़े नही आनी चाहिए जब हम सब भारतीयों को यही रहना है तो छोटी-छोटी बातों से आपसी भाईचारा क्यों खतम करने पर उतारू हो जाते है और एक सवाल अबसे पहले भारत में ऐसा क्यों नही होता था ? कौन लोग है या संगठन जो इस काम को अंजाम देते है क्नेया ऐसे लोगों और संगठनों का बहिष्कार नही होना चाहिए। नेताओं को तो सत्ता चाहिए उसके लिए वह हर वो काम करते है जिससे उनके वोटबैंक में मज़बूती आए जिसमें वो कामयाब भी है नेता सत्ता का आनन्द ले रहे है और जनता आपस में लड़े जा रही है क्या ये कोई हल है बिलकुल नही हम सब साथ ही रहेंगे तो मिलजुल कर ही क्यों न रहे। राजस्थान के टोंक जिले के मालपुरा कस्बे में प्रशासन ने बुधवार सुबह 6:00 बजे से कर्फ्यू लगा दिया है,मंगलवार शाम दशहरा जुलूस के दौरान पथराव के बाद इलाके में हालात बिगड़ गए थे,दशहरा जुलूस जब आरएसी चौकी के पास से गुजर रहा था तो दशहरा जुलूस का मुसलमान फूलों से स्वागत कर रहे थे इसी बीच कुछ असामाजिक तत्वों ने जुलूस पर पथराव कर दिया और भगदड़ मच गई।इससे नाराज होकर मालपुरा के विधायक कन्हैयालाल डेढ़ सौ लोगों के साथ धरने पर बैठ गए, इन लोगों ने कल मालपुरा में रावण दहन भी नहीं होने दिया, इनका कहना था कि जब तक पथराव करने वाले आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जाएगा तब तक रावण दहन नहीं होने देंगे|

प्रशासन को डर था कि सुबह होने पर हालात बिगड़ सकते हैं लिहाजा नगर पालिका परिषद के कर्मचारियों के साथ मिलकर सुबह 4:30 बजे रावण दहन कर दिया और 6:00 बजे से कर्फ्यू लगा दिया है ,हालांकि थाने के बाहर अभी विधायक धरने पर बैठे हुए हैं ,टोंक जिले में मालपुरा कस्बा बेहद संवेदनशील रहा है जहां पर पहले भी दो समुदायों के बीच में छोटे-बड़े विवाद हो चुके हैं ,कई बार इन विवादों ने गंभीर रुख अख्तियार भी किया है।

पुलिस थाने में आईजी संजीव कुमार नर्सरी खुद बैठे हुए हैं। पुलिस का दावा है कि हमने 6-7 लोगों को हिरासत में लिया है। पूरे मामले की जांच कर रहे हैं थाने के अंदर कलेक्टर और एसपी मौजूद हैं जयपुर से अतिरिक्त पुलिस बल भी मंगा लिया गया है।अभी भी हालात तनावपूर्ण बताए जा रहे है लेकिन पुलिस प्रशासन स्तिथि को नियंत्रण में होने का दावा कर रहा है।टोंक जनपद के ज़िम्मेदार लोगों ने जनता से अपील की है कि जनपद के साम्प्रदायिक सौहार्द को बिगड़ने न दें और आपस में प्यार मोहब्बत को क़ायम करे।